इंदौर- मध्य प्रदेश के इंदौर के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय में गुरुवार को मानवता को शर्मसार करने वाली एक और तस्वीर सामने आई है. अंतिम संस्कार के इंतजार में कंकाल बन चुके शव के मामले में अभी जांच भी पूरी नहीं हुई है कि एक ऐसी ही घटना फिर से सामने आई है. गुरुवार को तीन महीने के अज्ञात शिशु का शव मर्चुरी रूम में बक्से में बंद मिला. 5 दिन से बच्चे का शव मर्चुरी रूम के फ्रीजर में रखा था.
कंकाल बन चुकी लाश के बाद अब MP के अस्पताल में मिला बच्चे का शव, फ्रीजर में रखकर भूला स्टाफ
मध्य प्रदेश के अस्पताल में पांच दिन से पड़ा रहा नवजात का शव (प्रतीकात्मक तस्वीर)
इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल महाराजा यशवंतराव चिकित्सालय में गुरुवार को मानवता को शर्मसार करने वाली एक और तस्वीर सामने आई है. अंतिम संस्कार के इंतजार में कंकाल बन चुके शव के मामले में अभी जांच भी पूरी नहीं हुई है कि एक ऐसी ही घटना फिर से सामने आई है. गुरुवार को तीन महीने के अज्ञात शिशु का शव मर्चुरी रूम में बक्से में बंद मिला. 5 दिन से बच्चे का शव मर्चुरी रूम के फ्रीजर में रखा था.
5 दिन पहले बच्चे की मौत हो चुकी है, तब से ही शव इसी हालत में पड़ा है. दरअसल नवजात शिशु की मृत्यु 12 सितंबर को ही हो चुकी है, लेकिन नवजात शिशु के पोस्टमार्टम के लिए पुलिस को इसकी जानकारी तक नहीं दी. जाहिर तौर पर अस्पताल का स्टाफ बच्चे के शव को फ्रीजर में रखकर भूल गया.
अस्पताल के सूत्रों ने कहा कि बच्चे को अलीराजपुर जिले में छोड़ दिया गया था और जुलाई में एक सामाजिक कार्यकर्ता ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया था. 11 सितंबर को बच्चे की मौत हो गई. सीएमओ को इसकी जानकारी दी गई थी.
मध्य प्रदेश के इंदौर में सबसे बड़े सरकारी अस्पताल महाराजा यशवंतराव अस्पताल में बदइंतजामी का मामला पहले भी सामने आया है, जिसमें मॉर्चुरी में एक स्ट्रेचर पर रखी लाश कंकाल बन गई. 11 दिनों से ये लावारिश लाश शवगृह में पड़ी रही. इससे लाश सड़ गई और सिर्फ कंकाल बच गया. अस्पताल अब इस मामले में जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की बात कह रहा है.