अनिल सिंह(धर्मपथ)- भाजपा के 35 वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में मप्र से एक तरह का राजनीतिक निर्वासन पाए एवं दिल्ली में भाजपा की नैया डुबाने का श्रेय पा लौटे प्रभात झा वैसे तो भोपाल कई बार आये लेकिन गुप-चुप और चले गए लेकिन कल भाजपा के स्थापना समारोह में उन्होंने अपनी अगली राजनीतिक चाल का आगाज कर दिया.
अपने उद्बोधन में प्रभात झा ने कहा की वे संगठन महामंत्री अरविन्द मेनन के बुलावे पर इस कार्यक्रम में आये हैं स्पष्ट था की मुख्यमंत्री ने न ही उन्हें बुलाया था और न ही वे आते.उन्हें लाने में प्रमुख भूमिका निभायी नव-नियुक्त महामंत्री अरविन्द भदौरिया ने.भदौरिया महामंत्री बनने के बाद अपनी पकड़ मजबूत करना चाहते हैं और ग्वालियर क्षेत्र में नया समीकरण भी.राजनैतिक प्रतिद्वंदिता में अरविन्द भदौरिया नरेंद्र सिंह तोमर के विरोधी माने जाते हैं इसलिए उन्होंने प्रभात झा से हाथ मिला उस क्षेत्र में अपनी पकड़ मजबूत बनानी चाही है.
प्रभात झा को भी किसी सहारे की जरूरत है और डूबते को तिनका भी सहारा दे तो वह चाहता है.अब देखना है अपनी प्रत्येक चाल में मात खाए और शारीरिक रूप से बीमार प्रभात झा अब क्या गुल खिलाते हैं.