नई दिल्ली, 11 फरवरी (आईएएनएस)। द्वितीय ‘हुनर हाट’ में 13 राज्यों की विभिन्न पाक शैलियों को पाक कला विशेषज्ञों द्वारा पेश किया गया है। इनमें विशेषकर लखनऊ के अवधि मुगलई व्यंजनों, राजस्थान के दाल-बाटी-चुरमा एवं थाली, पश्चिम बंगाल के संदेश एवं रसगुल्ले, केरल के मालाबारी व्यंजन, बिहार का लिट्टी-चोखा, महाराष्ट्र का पुरन-पोली, गुजरात का ढोकला एवं जलेबी, जम्मू-कश्मीर के कश्मीरी वाजवान, मध्यप्रदेश के भुट्टे की खीस, साबूदाना खीर एवं खिचड़ी शामिल हैं।
केंद्रीय अल्पसंख्यक मामले (स्वतंत्र प्रभार) एवं संसदीय मामले राज्यमंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने ‘हुनर हाट’ के दूसरे संस्करण का उद्घाटन किया। इसका आयोजन अल्पसंख्यक मामले मंत्रालय द्वारा देश भर के अल्पसंख्यक समुदायों से संबंधित उस्ताद कारीगरों/शिल्पकारों को प्रोत्साहित करने, बढ़ावा देने एवं उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय बाजार उपलब्ध कराने के लिए किया जा रहा है।
‘क्राफ्ट एवं कुजिन (पाक शैली) का संगम’ विषय के साथ दूसरे ‘हुनर हाट’ का आयोजन स्टेट इंपोरिया कॉम्पलेक्स, बाबा खड़ग सिंह मार्ग, कनॉट प्लेस में 11 से 26 फरवरी तक किया जा रहा है।
नकवी ने कहा, “यह ‘हुनर हाट’ इस मामले में अनोखा है कि यह देश के विभिन्न हिस्सों से लाए गए शिल्पों एवं पारंपरिक कुजिनों को प्रदर्शित कर रहा है। यहां लगभग 130 स्टॉलों में 24 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के कुल 100 कारीगर एवं 30 पाक कला विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं। इसमें एक ‘बावर्चीखाना’ भी है, जिसमें देश के विभिन्न हिस्सों के कुजिन को प्रदर्शित किया जा रहा है और आगंतुक उनका आनंद उठा सकते हैं।”
पहली बार इस प्रदर्शनी में मकराना मार्बल उत्पादों, सीकर के बंधेज, राजस्थान के मोजरी, तेलंगाना की बंजारा कशीदाकारी, अलीगढ़ के फूलपत्ती युक्त हस्तनिर्मित ताले एवं दरवाजों के हैंडल, नगालैंड के ककून सुसज्जित उत्पाद, मिजोरम के पारंपरिक सिल्क आदि जैसे हस्तशिल्प एवं हथकरघा के उत्कृष्ट उत्पादों को प्रदर्शित किया जा रहा है एवं उन्हें बेचा जा रहा है।
नकवी ने विश्वास जताया, “पहले ‘हुनर हाट’, जिसका आयोजन पिछले वर्ष नवंबर में प्रगति मैदान में किया गया था, की तरह बाबा खड़ग सिंह मार्ग पर आयोजित इस दूसरे ‘हुनर हाट’ में भी उस्ताद कारीगरों की समृद्ध एवं खूबसूरत कला/कौशलों को प्रदर्शित किया जाएगा। चयनित उस्ताद कारीगर/शिल्पकार उत्तर प्रदेश (29), राजस्थान (9), जम्मू एवं कश्मीर (9), गुजरात (6), मणिपुर (3), ओडिशा (2) एवं केरल, तेलंगाना और बिहार आदि राज्यों से संबंधित हैं।”
उन्होंने कहा, “‘बावर्चीखाना’ में लोग उत्तर प्रदेश (3), जम्मू एवं कश्मीर (3),पश्चिम बंगाल (2), गुजरात (2) एवं बिहार, महाराष्ट्र, राजस्थान आदि जैसे राज्यों के व्यंजनों का आनंद ले सकते हैं।”